झमाझम खबरेंदुनियादेशप्रदेशराजनीतीरायपुर

धनौली परिसर में ग्रीन योजना प्लांटेशन में गंभीर अनियमितताएं, दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की मांग

धनौली परिसर में ग्रीन योजना प्लांटेशन में गंभीर अनियमितताएं, दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की मांग

गौरेला–पेंड्रा–मरवाही (छ.ग.)। गौरेला परिक्षेत्र के धनौली परिसर में ग्रीन योजना के तहत किए गए पौधरोपण में भारी अनियमितताओं का मामला सामने आया है। स्थानीय ग्रामीणों और वन संरक्षण संगठनों ने आरोप लगाया है कि योजना केवल कागजों में सफल दिखाई गई, जबकि वास्तविकता में शासकीय धन का दुरुपयोग हुआ। इस मामले की शिकायत कार्यालय वनमंडलाधिकारी, वनमंडल मरवाही को प्रेषित की गई है। शिकायत में मुख्य आरोप परिक्षेत्र सहायक राजीव सिसोदिया और वन रक्षक महिलांगे पर लगाया गया है। वहीं, निलंबित वन रक्षक राकेश राठौर की नर्सरी से पौधों के लाए जाने की भी बात सामने आई है।

स्थल चयन में अनियमितता……

शिकायत में बताया गया है कि पौधरोपण के लिए चयनित स्थल पहले से ही सघन वन क्षेत्र था। स्थल का चयन केवल शासकीय राशि बुक करने के उद्देश्य से किया गया। साथ ही, क्षेत्र में मौजूद झाड़ियों को अनावश्यक रूप से काटकर केवल दिखावटी रूप से साफ किया गया।

पौधों की गुणवत्ता पर सवाल……

ग्रीन योजना के अनुसार उच्च गुणवत्ता वाले टाल प्लांट पौधे लगाए जाने थे। आरोप है कि निलंबित वन रक्षक राकेश राठौर की नर्सरी से छोटे और कमजोर पौधे लाकर रोपण किया गया।

खाद, दवा और चैनलिंग सामग्री में हेराफेरी

पौधारोपण कार्य में खाद, दवा और चैनलिंग सामग्री निर्धारित मात्रा से कम उपयोग की गई। शिकायत में कहा गया है कि इसका उद्देश्य केवल कागजों में योजना को सफल दिखाना था।

अवैध कटाई और अतिक्रमण

स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया है कि धनौली परिसर में अवैध कटाई और अतिक्रमण की घटनाएँ बढ़ी हैं। इसका एक बड़ा कारण यह बताया गया कि परिसर रक्षक धनौली में निवास न कर पेंड्रा रोड वन कॉलोनी में रह रहा है, जिसके चलते क्षेत्र की निगरानी ढीली पड़ी और अवैध गतिविधियों को बढ़ावा मिला।

कार्रवाई की मांग

ग्रामीणों व वन संरक्षण संगठनों ने वन मंडलाधिकारी से आग्रह किया है कि संपूर्ण मामले की विस्तृत जांच कराई जाए और दोषी वनकर्मियों राजीव सिसोदिया एवं महिलांगे के खिलाफ कठोर विभागीय एवं विधिक कार्रवाई की जाए। इसकी शिकायत लिखित में कार्यालय वन मंडलाधिकारी मरवाही को किया गया है 

आचार्य जनक सवाल :..?

सीसीएफ बिलासपुर ने राकेश राठौर वन रक्षक को निलंबित किया था, लेकिन संघ के दबाव पर बहाल करते हुए डीएफओ मरवाही को निलंबन कार्यवाही करने हेतु लेख किया गया था परंतु डीएफओ मरवाही का निलंबन का कार्यवाही न करना प्रश्न चिन्ह कड़ा कर करता है..?

Back to top button
error: Content is protected !!